
चकराता क्षेत्र की ऊंचाई वाली पहाड़ियों पर अप्रैल माह के पहले सप्ताह में ही बुधवार को इस सीजन की पांचवीं बर्फबारी दर्ज की गई।जिसके बाद से मौसम ने एक बार फिर करवट ली है और ठंड का असर बढ़ गया है। बीते मंगलवार से रुक-रुक कर हो रही बारिश के बाद बुधवार सुबह करीब 11 बजे देवबन, खड़म्बा, दुरानी, कांवतालानी और मोयला टॉप सहित ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ के फाहे गिरने लगे। इससे न्यूनतम तापमान तीन डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
वहीं, छह से सात हजार की फीट की ऊंचाई वाले क्षेत्रों में इस समय सेब के बागानों में फ्लोरिंग का समय होता है, जिसके लिए संतुलित तापमान आवश्यक होता है। ऐसे में तापमान में अचानक गिरावट और बर्फबारी से सेब उत्पादन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना है।